Wednesday, April 16, 2008

Programs organised on 117th birthday of Dr. Ambedkar in Backwards class girl’s hostels

रायपुर, 15 अप्रैल 2008 छत्तीसगढ़ राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य श्री नंदकुमार साहू ने कल रविवार को यहां पिछड़ा वर्ग कन्या छात्रावास शंकरनगर में आयोजित डॉ. अम्बेडकर की 117वीं जयंती कार्यक्रम में भारतीय संविधान के महान शिल्पी डॉ. अम्बेडकर को श्रध्दांजलि देते हुए विद्यार्थियों से उनके आदर्शो पर चलने का आव्हान किया।

श्री साहू ने अपने भाषण में डॉ. अम्बेडकर के जीवन पर प्रकाश डाला और समाज में और अधिक शिक्षा की जरूरत पर जोर देते हुए कहा कि गरीब और शोषित एवं कमजोर वर्गों को पढ़ाई लिखाई में विशेष ध्यान देकर डॉ. अम्बेडकर को अपने जीवन का आदर्श मानना चाहिए। श्री साहू ने पिछड़ा वर्ग कन्या छात्रावास भवन का अवलोकन किया तथा छात्राओं की समस्याएं सुनीं। छात्राओं ने छात्रावास में कम्प्यूटर प्रशिक्षण की मांग रखी। श्री साहू ने उन्हें इस संबंध में शासन स्तर पर उचित पहल करने का आश्वासन दिया।

आयोग के सचिव श्री बद्रिश सुखदेवे ने अपने भाषण में डॉ. भीमराव के द्वारा प्रतिपादित कानून की महता पर जोर दिया। पिछड़ा वर्ग छात्रावास के विद्यार्थियों द्वारा प्रतिवर्ष बाबा साहब की जयंती छात्रावास में मनाने का संकल्प लिया गया। बी.एड. की छात्रा सुश्री करूणा साहू ने भी अपने विचार व्यक्त किए।

छात्रावास अधीक्षिका सुश्री लता गोयल श्रीमती सुनीता सुखदेवे, श्रीमती शोभा तथा गणमान्य नागरिकों में श्री अमरदास, श्री नंदकिशोर वर्मा, श्री रविन्द्र बंजारे, श्री बबला साहू एवं श्री कृष्णा खण्डेलवाल आदि उपस्थित थे।

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